नदी में डूबने से हाथी के बच्चे की मौत, एक महीने में 4 कलभों की जान गई
घटनाओं ने वन्यजीव संरक्षण और वन प्रबंधन व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी

रायगढ़। रायगढ़ जिले में हाथी के बच्चों की लगातार हो रही मौतों ने वन विभाग की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। ताजा मामले में रायगढ़ वन मंडल के खरसिया रेंज अंतर्गत मांड नदी के गुरदा क्षेत्र में एक हाथी के बच्चे (कलभ) की पानी में डूबने से मौत हो गई। घटना की जानकारी मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंच गई और शव को नदी से बाहर निकाला गया।
जानकारी के अनुसार जिस क्षेत्र में कलभ का शव मिला है, वहां इन दिनों 4 दर्जन से अधिक हाथियों का दल विचरण कर रहा है। रविवार सुबह करीब 9 बजे ग्रामीणों ने नदी में शव देखा, जिसके बाद वन विभाग को सूचना दी गई। प्रारंभिक जांच में कलभ की मौत डूबने से होना बताया जा रहा है, हालांकि वन विभाग ने पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के वास्तविक कारणों की पुष्टि होने की बात कही है।

गौरतलब है कि मई महीने में ही जिले में पानी में डूबने से तीन अन्य कलभों की मौत हो चुकी है। अब इस नई घटना के साथ पिछले 31 दिनों में 4 हाथी शावकों की मौत दर्ज हो चुकी है। वहीं वन विभाग के आंकड़ों के अनुसार जनवरी से अब तक जिले में 9 कलभों की मौत हो चुकी है।
लगातार सामने आ रही इन घटनाओं ने वन्यजीव संरक्षण और वन प्रबंधन व्यवस्था को लेकर चिंता बढ़ा दी है। स्थानीय लोगों और वन्यजीव विशेषज्ञों का कहना है कि हाथियों के विचरण क्षेत्रों में निगरानी और सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत किए जाने की आवश्यकता है।










