गौरेला-पेंड्रा-मरवाही- NEET-PSC विवाद: भड़के नेता प्रतिपक्ष चरणदास महंत, बोले- ‘शिक्षा मंत्री का इस्तीफा क्यों, उन्हें सीधे बर्खास्त करो’
नियुक्तियों और योग्यता को लेकर केंद्र पर निशाना

NEET और PSC गड़बड़ी मामला: छत्तीसगढ़ में सियासत गरमाई, नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने सरकार को घेरा
गौरेला-पेंड्रा-मरवाही।
देश और प्रदेश में NEET और PSC परीक्षाओं में कथित पेपर लीक और अनियमितताओं को लेकर राजनीतिक सरगर्मी तेज हो गई है। छत्तीसगढ़ विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने मौजूदा परीक्षा प्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करते हुए इसे युवाओं के भविष्य के साथ खिलवाड़ बताया है। उन्होंने पूरी प्रक्रिया में पारदर्शिता की कमी का आरोप लगाते हुए दोषियों पर कड़ी कार्रवाई की मांग की है!

युवाओं के भविष्य और परीक्षा प्रणाली पर उठाए सवाल
संवाददाताओं से चर्चा करते हुए डॉ. चरणदास महंत ने कहा कि देश में लगातार सामने आ रही पेपर लीक की घटनाएं बेहद दुर्भाग्यजनक हैं। इससे लाखों मेहनती छात्रों का मनोबल टूट रहा है और उनका भविष्य दांव पर लगा है।
उन्होंने जोर देकर कहा:
यह सरकार की प्राथमिक जिम्मेदारी है कि सभी प्रतियोगी और प्रवेश परीक्षाएं पूरी तरह से निष्पक्ष और पारदर्शी तरीके से आयोजित की जाएं। लेकिन लगातार हो रही ये गड़बड़ियां प्रशासनिक विफलता को दर्शाती हैं, जो कि गंभीर चिंता का विषय है।”

केंद्रीय शिक्षा मंत्री के इस्तीफे और बर्खास्तगी की मांग
केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे से जुड़े मीडिया के एक सवाल पर नेता प्रतिपक्ष ने बेहद तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि सिर्फ इस्तीफा काफी नहीं है, बल्कि इस तरह की बड़ी लापरवाहियों के लिए उन्हें तत्काल प्रभाव से मंत्रिमंडल से बर्खास्त कर दिया जाना चाहिए।
नियुक्तियों और योग्यता को लेकर केंद्र पर निशाना
डॉ. महंत ने अपने बयान में केंद्र सरकार की कार्यशैली पर भी तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्रीय मंत्रियों और मुख्यमंत्रियों की नियुक्तियों में योग्यता के बजाय जातिगत और धार्मिक समीकरणों को प्राथमिकता दी जा रही है।

उन्होंने तंज कसते हुए कहा:
जिन्हें लोकतंत्र और संविधान की मूल परिभाषा और मर्यादाओं का ज्ञान नहीं है, आज वे देश की व्यवस्थाएं और नीतियां तय कर रहे हैं।
राजनीतिक हलचल तेज
डॉ. चरणदास महंत के इस कड़े रुख और तीखे बयानों के बाद छत्तीसगढ़ के राजनीतिक गलियारों में आरोप-प्रत्यारोप का दौर तेज हो गया है। विपक्षी दल जहां इस मुद्दे को लेकर सरकार को चौतरफा घेरने की रणनीति बना रहा है, वहीं इस बयान के बाद आने वाले दिनों में सत्ता पक्ष और विपक्ष के बीच टकराव और बढ़ने की संभावना है।
डॉ. चरणदास महंत, नेता प्रतिपक्ष (छत्तीसगढ़ विधानसभा)









