बीजाडांड की शासकीय भूमि पर कथित कब्जे का मामला ठंडे बस्ते में? शिकायत के बाद भी जांच अधर में, आखिर किसे बचा रहा प्रशासन?

कोरबा/पसान। ग्राम बीजाडांड, तहसील पसान की शासकीय भूमि से जुड़े कथित कब्जे, नामांतरण और रजिस्ट्री के गंभीर आरोपों पर प्रशासन की चुप्पी अब सवालों के घेरे में है। शिकायतकर्ता द्वारा सक्षम अधिकारियों को विस्तृत दस्तावेजों के साथ शिकायत सौंपे जाने के बावजूद आज तक न तो जांच रिपोर्ट सार्वजनिक हुई है और न ही किसी प्रकार की ठोस कार्रवाई दिखाई दी है।
शिकायत में आरोप लगाया गया है कि खसरा क्रमांक 8/1, 8/11, 8/12, 8/13, 8/14, 8/15 एवं 8/16 की भूमि, जो मूलतः शासकीय भूमि एवं “बड़े झाड़ जंगल मद” श्रेणी से संबंधित बताई गई है, उसमें कथित रूप से कब्जा, नामांतरण और रजिस्ट्री जैसी गंभीर अनियमितताएं हुई हैं। दस्तावेज़ के अनुसार खसरा नंबर 8/1 में भूमि स्वामी “छत्तीसगढ़ शासन” दर्ज है, जबकि आसपास के खसरों में निजी व्यक्तियों के नाम दर्ज होने पर शिकायतकर्ता ने पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।

हर बार एक ही जवाब—”जांच चल रही है”
मामले की जानकारी लेने के लिए जब-जब एसडीएम कार्यालय से संपर्क किया गया, तब-तब यही आश्वासन दिया गया कि “जांच चल रही है।” लेकिन सवाल यह है कि आखिर यह जांच कब पूरी होगी? यदि जांच वास्तव में चल रही है, तो उसकी प्रगति क्या है? अब तक किसी भी स्तर पर कोई आधिकारिक निष्कर्ष या कार्रवाई सामने क्यों नहीं आई?
जांच में देरी या मामला दबाने की कोशिश?
लगातार समय बीतने के बावजूद कार्रवाई नहीं होने से लोगों के बीच यह चर्चा तेज हो गई है कि आखिर इस मामले में देरी क्यों हो रही है। क्या यह केवल प्रशासनिक सुस्ती है, या फिर किसी प्रभावशाली व्यक्ति को बचाने के लिए जांच लंबित रखी जा रही है? इन सवालों का जवाब अब प्रशासन को देना चाहिए।

जनता पूछ रही है…
• यदि शिकायत सही है तो दोषियों पर कार्रवाई कब होगी?
• यदि शिकायत गलत है तो प्रशासन अब तक तथ्य सार्वजनिक क्यों नहीं कर रहा?

• आखिर जांच कब पूरी होगी?
• क्या शासकीय भूमि से जुड़े इतने गंभीर मामले में जवाबदेही तय होगी?
शासकीय भूमि जनता की संपत्ति होती है और उससे जुड़े मामलों में पारदर्शिता तथा समयबद्ध कार्रवाई प्रशासन की जिम्मेदारी है। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि प्रशासन केवल “जांच चल रही है” कहकर मामले को टालता रहेगा या फिर निष्पक्ष जांच पूरी कर सच्चाई जनता के सामने लाएगा।









