KORBA: आरआई-पटवारी को बनाया बंधक, गलत सीमांकन का आरोप; सुसाइड की धमकी से मचा हड़कंप
सीमांकन विवाद में बवाल, राजस्व टीम को दो घंटे तक रोके रखने का आरोप, वीडियो वायरल

Korba/Kartala। जमीन सीमांकन को लेकर करतला क्षेत्र के ग्राम नोनबिर्रा में उस समय तनावपूर्ण स्थिति बन गई, जब सीमांकन करने पहुंची राजस्व टीम पर गलत नापजोख का आरोप लगाते हुए ग्रामीणों ने विरोध शुरू कर दिया। मामले में आरोप है कि राजस्व निरीक्षक (आरआई) और हल्का पटवारी को करीब दो घंटे तक मौके पर रोके रखा गया तथा आत्महत्या कर फंसाने की धमकी भी दी गई। घटना का वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल बताया जा रहा है।
मामला करतला थाना क्षेत्र का है। प्रार्थी भरत चौहान, जो नोनबिर्रा हल्का में पदस्थ पटवारी हैं, ने पुलिस को दी शिकायत में बताया कि न्यायालय नायब तहसीलदार करतला के आदेश के पालन में 8 मई को ग्राम नोनबिर्रा के बनियापारा स्थित खसरा नंबर 643/1 रकबा 0.085 हेक्टेयर भूमि का सीमांकन करने राजस्व टीम पहुंची थी। सीमांकन के दौरान आवेदक संतराम और उसके परिजनों ने नापजोख पर आपत्ति जताते हुए विवाद शुरू कर दिया।

शिकायत के अनुसार, आरोपियों ने आरआई और पटवारी की कार के पीछे मोटरसाइकिल खड़ी कर उन्हें मौके से जाने नहीं दिया। इस दौरान रस्सी लाकर बांध देने की धमकी दी गई। आरोप है कि संतराम के पुत्र लीलाधर पटेल ने उसी रस्सी से आत्महत्या कर लेने और राजस्व अधिकारियों को फंसा देने की बात कही।
राजस्व टीम का आरोप है कि उन्हें गाली-गलौज करते हुए “पैसा लेकर गलत सीमांकन” करने का आरोप लगाया गया। साथ ही कहा गया कि जब तक नायब तहसीलदार, कलेक्टर और थाना प्रभारी मौके पर नहीं आएंगे, तब तक किसी को जाने नहीं दिया जाएगा। इस कारण सीमांकन की शासकीय प्रक्रिया बाधित हुई।

करतला पुलिस ने पटवारी भरत चौहान की रिपोर्ट पर संतराम, लीलाधर पटेल, हरिराम और हुकूमचंद पटेल के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। दूसरी ओर ग्रामीणों का कहना है कि वर्षों से गलत सीमांकन के कारण उन्हें न्याय नहीं मिल पा रहा है और उनकी वास्तविक जमीन की बजाय दूसरी भूमि की नापी की जा रही है।










