गौरेला-पेंड्रा-मरवाही: BEO पर आरोप, अधिकारी बोले—छवि धूमिल करने की कोशिश; शिकायत तथ्यहीन और द्वेषपूर्ण__
BEO पर आरोप, BEO ने कहा—तथ्यहीन और द्वेषपूर्ण__

गौरेला-पेंड्रा-मरवाही। जिला शिक्षा अधिकारी कार्यालय में सामने आए मामले ने अब तूल पकड़ लिया है। शासकीय हाई स्कूल बचर वार के प्राचार्य द्वारा विकासखंड शिक्षा अधिकारी (BEO) पर गंभीर आरोप लगाए गए हैं, वहीं BEO ने इन आरोपों को पूरी तरह खारिज करते हुए उन्हें तथ्यहीन और द्वेषपूर्ण बताया है।
प्राचार्य ने लगाए गंभीर आरोप

प्राचार्य द्वारा दी गई लिखित शिकायत में मेडिकल बिल पास कराने और जीपीएफ (GPF) पासबुक पर हस्ताक्षर के बदले पैसे मांगने का आरोप लगाया गया है। साथ ही अभद्र व्यवहार और जान से मारने की धमकी देने जैसी बात भी कही गई है। प्राचार्य का कहना है कि सेवानिवृत्ति से पहले उन्हें अपने ही अधिकारों के लिए परेशान किया जा रहा है।
BEO का पक्ष—“आरोप बेबुनियाद”

विकासखंड शिक्षा अधिकारी ने स्पष्ट कहा है कि लगाए गए आरोप पूरी तरह निराधार हैं। उनका कहना है कि न तो कोई ठोस तर्क प्रस्तुत किया गया है और न ही कोई प्रमाण दिया गया है। उन्होंने इसे व्यक्तिगत द्वेष से प्रेरित बताते हुए अपनी छवि खराब करने की कोशिश करार दिया।
कार्यशैली को लेकर मिला समर्थन

विभागीय स्तर पर कई कर्मचारियों ने BEO की कार्यशैली को पारदर्शी और अनुशासित बताया है। उनके अनुसार, नियमों के प्रति सख्ती के चलते कुछ लोगों में असंतोष हो सकता है, लेकिन आरोप वास्तविकता से दूर हैं।
जांच के बाद ही साफ होगी सच्चाई
पूरे मामले को लेकर निष्पक्ष जांच की आवश्यकता जताई जा रही है। जिला प्रशासन की अगली कार्रवाई पर सभी की नजरें टिकी हैं, जिससे यह स्पष्ट हो सके कि आरोपों में कितनी सच्चाई है।









